राजनांदगांव: पुलिस आरक्षक भर्ती में गड़बड़ी, अज्ञात आरोपियों पर एफआईआर दर्ज
राजनांदगांव में पुलिस आरक्षक भर्ती प्रक्रिया में बड़ी गड़बड़ी का मामला सामने आया है। 16 नवंबर से जिले के पेंड्री स्थित आठवीं बटालियन मैदान में भर्ती प्रक्रिया चल रही है। पूरे प्रदेश में आरक्षक भर्ती प्रक्रिया जारी है, लेकिन राजनांदगांव में भर्ती प्रक्रिया में कुछ लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए डाटा में हेरफेर का मामला उजागर हुआ है।
पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग ने बताया कि भर्ती प्रक्रिया के दौरान डाटा चेकिंग और सीसीटीवी फुटेज की जांच में कई अनियमितताएं पाई गईं। उदाहरण के तौर पर, जहां एक कैंडिडेट को एक ही अटेम्प्ट की अनुमति दी गई थी, वहां ऑपरेटर द्वारा फर्जी तरीके से मल्टीपल एंट्री कर दी गई। यह गड़बड़ी टाइमिंग टेक्नोलॉजी नामक हैदराबाद की कंपनी के ऑपरेटर द्वारा की गई है।
जांच में बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी का पता चला, जिसके आधार पर डीएसपी आजाक ने लालबाग थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई। इस मामले में मास्टर डाटा और सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि दोषी ऑपरेटर और अन्य संदिग्धों के खिलाफ नामजद कार्रवाई जल्द की जाएगी।
इसी को ध्यान में रखते हुए हम लोगों ने पूरा मास्टर डाटा कंपनी का निकला और और सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई चेकिंग में बड़े स्तर पर यह फ्रॉड मिला है उसी के बेस पर डीएसपी आजाक जो गोला फेक की प्रभारी भी हैं उनके द्वारा एक एफआईआर लालबाग थाने में कराई गई है,पूरे डेटा की और उनकी टेक्निकल टीम भी आई हुई है की जांच की जा रही है उसके आगे फिर कार्रवाई की जाएगी।