प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सात साल बाद चीन दौरे पर पहुंचे हैं। चीन के तियानजिन शहर में पीएम मोदी एससीओ शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। इस दौरान वे चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ अहम बैठकें करेंगे। अमेरिका के साथ चल रहे टैरिफ विवाद के बीच यह दौरा दोनों देशों के संबंधों के लिहाज से विशेष महत्व रखता है।
चीन में पीएम मोदी का पारंपरिक भारतीय नृत्य के साथ स्वागत किया गया। कथक नृत्यांगना डू जुआन, जिनका भारतीय नाम सचिता है, ने बताया कि उन्होंने पिछले 12 वर्षों से कथक का अभ्यास किया है। पीएम मोदी के स्वागत में प्रस्तुति देना उनके लिए सम्मान की बात है।
प्रधानमंत्री ने अपनी जापान यात्रा पूरी करने के बाद चीन के लिए प्रस्थान किया। जापान यात्रा के समापन पर पीएम मोदी ने कहा कि यह यात्रा उपयोगी परिणामों और सहयोगी संबंधों के लिए याद रखी जाएगी। उन्होंने जापानी प्रधानमंत्री इशिबा और जनता को उनकी गर्मजोशी के लिए धन्यवाद भी दिया।
पीएम मोदी ने सेमीकंडक्टर प्लांट का भी दौरा किया। उन्होंने टोक्यो इलेक्ट्रॉन फैक्ट्री का निरीक्षण किया और प्रशिक्षण कक्ष, उत्पादन नवाचार प्रयोगशाला व कंपनी के शीर्ष अधिकारियों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि सेमीकंडक्टर क्षेत्र भारत-जापान सहयोग का प्रमुख क्षेत्र है, जिसमें युवा भी तेजी से जुड़ रहे हैं।
जापानी कंपनी टीईएल (टोक्यो इलेक्ट्रॉन फैक्ट्री) मियागी ने भारत के साथ सहयोग बढ़ाने की योजना बनाई है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि इस दौरे से नेताओं को सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला और निर्माण सहयोग के क्षेत्रों में व्यावहारिक समझ मिली है। दोनों देशों के बीच आने वाले समय में सहयोग को और मजबूत करने के अवसर मौजूद हैं।