लूथरा ब्रदर्स डिपोर्टेशन: थाईलैंड से दिल्ली लाए गए गौरव–सौरभ लूथरा

गोवा के अर्पोरा नाइटक्लब अग्निकांड मामले में एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। इस दर्दनाक हादसे के मुख्य आरोपी गौरव लूथरा और सौरभ लूथरा को मंगलवार दोपहर थाईलैंड से दिल्ली लाया गया। दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचते ही दोनों लूथरा बंधुओं को गोवा पुलिस ने अपनी हिरासत में ले लिया। अब उनसे गहन पूछताछ की जाएगी और इसके बाद उन्हें दिल्ली के पाटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां आगे की कानूनी प्रक्रिया तय होगी।

उत्तर गोवा के अर्पोरा इलाके में हुए नाइटक्लब अग्निकांड ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था। इस हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए थे। जांच एजेंसियों का आरोप है कि संबंधित नाइटक्लब आवश्यक फायर सेफ्टी नियमों और सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए संचालित किया जा रहा था, जिसकी वजह से आग लगने के बाद स्थिति बेकाबू हो गई और इतना बड़ा नुकसान हुआ।

इस मामले में गौरव लूथरा और सौरभ लूथरा के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या और गंभीर लापरवाही के आरोप दर्ज किए गए हैं। हादसे के बाद दोनों आरोपी देश छोड़कर थाईलैंड भाग गए थे, जिसके चलते उनकी गिरफ्तारी में देरी हुई। हालांकि, भारत और थाईलैंड के बीच प्रत्यर्पण संधि के चलते आखिरकार उन्हें भारत लाना संभव हो सका। भारत–थाईलैंड के बीच 2013 में प्रत्यर्पण संधि पर हस्ताक्षर हुए थे, जो 2015 से लागू है।

जानकारी के मुताबिक, 11 दिसंबर को लूथरा बंधुओं को थाईलैंड के फुकेट में हिरासत में लिया गया था। इसके बाद भारतीय दूतावास ने थाई अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित किया। भारत सरकार ने दोनों आरोपियों के पासपोर्ट रद्द कर दिए और उनकी भूमिका से जुड़ा विस्तृत डोजियर थाईलैंड प्रशासन को सौंपा। इन औपचारिकताओं के पूरा होने के बाद डिपोर्टेशन की प्रक्रिया पूरी की गई और उन्हें दिल्ली लाया गया।

इससे पहले गोवा पुलिस ने स्पष्ट किया था कि वह थाईलैंड नहीं जाएगी, बल्कि दिल्ली में ही केंद्रीय एजेंसियों से आरोपियों की कस्टडी लेगी। इसी रणनीति के तहत गोवा पुलिस की एक विशेष टीम सोमवार देर रात दिल्ली पहुंची थी। कस्टडी मिलने के बाद संभावना है कि लूथरा बंधुओं को देर रात या बुधवार को गोवा ले जाया जाएगा। वहां उन्हें अंजुना पुलिस स्टेशन में रखा जाएगा और विस्तृत पूछताछ की जाएगी। इसके बाद उन्हें मापुसा अदालत में पेश किया जा सकता है।

इस मामले में जांच लगातार आगे बढ़ रही है। गोवा पुलिस अब तक नाइटक्लब से जुड़े पांच मैनेजर और कर्मचारियों को गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि आगे और गिरफ्तारियों की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है। इसी बीच बॉम्बे हाईकोर्ट ने नाइटक्लब के खिलाफ दायर एक सिविल केस को जनहित याचिका में परिवर्तित कर दिया है। कोर्ट ने टिप्पणी की है कि इस हादसे के लिए किसी न किसी को जिम्मेदार ठहराया जाना जरूरी है।

लूथरा बंधुओं का भारत लौटना पीड़ित परिवारों के लिए बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि पूछताछ और अदालती प्रक्रिया के बाद इस बहुचर्चित मामले में न्याय की दिशा क्या मोड़ लेती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *