भारतीय बैडमिंटन को एक नया सितारा मिल गया है। युवा शटलर Ayush Shetty ने शानदार प्रदर्शन करते हुए Badminton Asia Championship के सेमीफाइनल में दुनिया के नंबर-1 खिलाड़ी Kunlavut Vitidsarn को हराकर इतिहास रच दिया है।
🏸 सेमीफाइनल में दमदार जीत
निंगबो ओलंपिक स्पोर्ट्स सेंटर में खेले गए इस मुकाबले में आयुष ने जबरदस्त जज्बा दिखाते हुए 10-21, 21-19, 21-17 से जीत दर्ज की। लगभग 1 घंटे 15 मिनट तक चले इस मैच में उन्होंने पहला गेम हारने के बाद शानदार वापसी की, जो उनकी मानसिक मजबूती को दर्शाता है।
🔁 पिछली हार का लिया बदला
आयुष और वितिदसरन इससे पहले भी आमने-सामने आ चुके थे, जहां भारतीय खिलाड़ी को हार का सामना करना पड़ा था। लेकिन इस बार आयुष ने शानदार खेल दिखाकर न सिर्फ बदला लिया बल्कि खुद को बड़े मंच का खिलाड़ी भी साबित किया।
🏆 59 साल बाद बना रिकॉर्ड
Ayush Shetty इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंचने वाले भारत के दूसरे पुरुष एकल खिलाड़ी बन गए हैं। इससे पहले Dinesh Khanna ने 1965 में गोल्ड मेडल जीता था। यानी करीब 59 साल बाद किसी भारतीय ने यह उपलब्धि हासिल की है।
अब आयुष ने कम से कम सिल्वर मेडल पक्का कर लिया है, लेकिन उनकी नजर गोल्ड जीतकर इतिहास को और बड़ा बनाने पर है।
🔥 शानदार फॉर्म में भारतीय स्टार
वर्ल्ड नंबर-25 आयुष का यह प्रदर्शन किसी चमत्कार से कम नहीं है। उन्होंने क्वार्टरफाइनल में Jonatan Christie को हराया था। इसके अलावा उन्होंने Lee Shifeng जैसे मजबूत खिलाड़ियों को भी मात दी।
फाइनल में उनका मुकाबला Chou Tien-chen और Shi Yuqi के बीच होने वाले दूसरे सेमीफाइनल के विजेता से होगा।
🇮🇳 भारत के लिए बड़ी उम्मीद
इस शानदार प्रदर्शन के साथ आयुष शेट्टी अब भारतीय बैडमिंटन के नए हीरो बनकर उभरे हैं। इससे पहले H. S. Prannoy ने 2018 में इस टूर्नामेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीता था, जबकि 2023 में भारत को पुरुष युगल में गोल्ड मिला था।
अब देश की निगाहें आयुष पर टिकी हैं कि क्या वह फाइनल में जीत हासिल कर इतिहास के पन्नों में अपना नाम स्वर्ण अक्षरों में दर्ज कर पाएंगे।