पारस पोर्टल से योजनाओं की निगरानी तेज, CM साय ने अधिकारियों को दिए निर्देश

पारस पोर्टल

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने योजनाओं की निगरानी को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। उन्होंने 29 सितंबर 2026 को राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित हुई।

इस दौरान पारस पोर्टल के जरिए विभिन्न योजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा हुई। मुख्यमंत्री ने जिला कलेक्टरों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जानकारी ली। उन्होंने निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना जरूरी है। इसके लिए विभागों के बीच बेहतर समन्वय होना चाहिए। उन्होंने काम में अनावश्यक देरी को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश दिए।

पारस पोर्टल से विकास कार्यों की होगी निगरानी

मुख्यमंत्री ने कहा कि पारस पोर्टल केवल समीक्षा का माध्यम नहीं है। इसके जरिए योजनाओं में आ रही बाधाओं की पहचान भी की जाएगी। इसके बाद समस्याओं का समय पर समाधान किया जाएगा।

उन्होंने अधिकारियों को परिणाम आधारित प्रशासन पर ध्यान देने को कहा। कई विकास परियोजनाओं में अलग-अलग विभागों की भूमिका होती है। इसलिए सभी विभागों को मिलकर काम करने की जरूरत है।

समन्वय बेहतर होने से परियोजनाओं में देरी कम हो सकती है। इससे समय और लागत दोनों की बचत हो सकती है। मुख्यमंत्री ने इसी दृष्टिकोण के साथ काम करने के निर्देश दिए।

पारस पोर्टल से हर महीने होगी राज्य स्तरीय समीक्षा

राज्य में प्रमुख योजनाओं और विकास कार्यों की नियमित समीक्षा की जाएगी। इसके लिए प्रत्येक माह के अंतिम मंगलवार को बैठक होगी।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से जमीनी प्रगति पर विशेष ध्यान देने को कहा। उन्होंने योजनाओं में आने वाली व्यावहारिक समस्याओं का समाधान करने के निर्देश दिए।

इस व्यवस्था में राज्य और जिला स्तर के अधिकारियों की भूमिका महत्वपूर्ण होगी। समीक्षा के दौरान लंबित कार्यों को आगे बढ़ाने पर भी ध्यान दिया जाएगा।

एग्रीस्टैक में हर पात्र किसान का पंजीयन जरूरी

मुख्यमंत्री ने एग्रीस्टैक में किसानों के पंजीयन की भी समीक्षा की। उन्होंने प्रत्येक पात्र किसान का शत-प्रतिशत पंजीयन सुनिश्चित करने को कहा।

उन्होंने कहा कि एग्रीस्टैक को केवल धान खरीदी तक सीमित नहीं समझना चाहिए। यह किसानों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं से जोड़ने का माध्यम है।

जिला प्रशासन को विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके तहत एग्रीस्टैक और डीसीएस से जुड़े लंबित कार्य पूरे किए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी पात्र किसान को योजना के लाभ से वंचित नहीं होना चाहिए। लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदारी तय करने के निर्देश भी दिए गए।

पीएम सूर्य घर योजना में तेजी के निर्देश

बैठक में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की भी समीक्षा हुई। मुख्यमंत्री ने अधिक से अधिक परिवारों को इससे जोड़ने पर जोर दिया।

उन्होंने अधिकारियों से योजना के क्रियान्वयन में तेजी लाने को कहा। इसका उद्देश्य परिवारों को विद्युत आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाना है।

इसके अलावा, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों की भी समीक्षा हुई। मुख्यमंत्री ने क्षति का जल्द सर्वे कराने के निर्देश दिए। पात्र परिवारों तक सहायता समय पर पहुंचाने पर भी जोर दिया गया।

सड़क और पुलों के लंबित काम होंगे तेज

मुख्यमंत्री ने सड़क, पुल और पुलियों से जुड़े कार्यों की भी जानकारी ली। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के लंबित कार्यों पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।

उन्होंने विभागीय स्तर पर आने वाली बाधाओं को जल्द दूर करने के निर्देश दिए। इसके लिए अंतर्विभागीय समन्वय को जरूरी बताया गया।

सेवा सेतु और सीएम हेल्पलाइन की स्थिति की भी समीक्षा हुई। मुख्यमंत्री ने नागरिकों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने को कहा।

समीक्षा में इन कार्यों पर रहेगा ध्यान

  • एग्रीस्टैक में पात्र किसानों का शत-प्रतिशत पंजीयन।
  • पीएम सूर्य घर योजना में अधिक परिवारों को जोड़ना।
  • बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में जल्द राहत और सहायता पहुंचाना।
  • सड़क और पुलों के लंबित कार्यों को गति देना।
  • प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की बाधाएं दूर करना।
  • सेवा सेतु और सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का समाधान।

पारस पोर्टल के माध्यम से योजनाओं की प्रगति पर नियमित नजर रखी जाएगी। मुख्यमंत्री ने विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा है। इससे लंबित कार्यों की पहचान और समाधान में मदद मिल सकती है।

सरकार का जोर योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर है। इसके लिए राज्य और जिला स्तर पर नियमित समीक्षा की व्यवस्था तय की गई है।


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