छत्तीसगढ़ की राजधानी नवा रायपुर में प्रस्तावित चित्रोत्पला फिल्म सिटी एंड कन्वेंशन सेंटर को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के मास्टर प्लान की समीक्षा के लिए छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड के अध्यक्ष नीलू शर्मा की अध्यक्षता में एक अहम बैठक आयोजित की गई, जिसमें निर्माण एजेंसी ईगल स्टूडियोज एंटरटेनमेंट लिमिटेड, मुंबई ने विस्तृत प्रस्तुति दी।
यह परियोजना सेक्टर-23, माना–तूता क्षेत्र में लगभग 100 एकड़ भूमि पर विकसित की जाएगी। बैठक के दौरान अध्यक्ष ने निर्माण एजेंसी को गुणवत्ता, समयसीमा और वैश्विक मानकों को ध्यान में रखते हुए कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर पर्यटन बोर्ड के प्रबंध संचालक विवेक आचार्य, उप महाप्रबंधक पूनम शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
💰 ₹500 करोड़ का मेगा निवेश
चित्रोत्पला फिल्म सिटी को DBFOT / PPP मॉडल पर विकसित किया जाएगा।
₹250 करोड़ का निवेश निजी कंपनी द्वारा
₹150 करोड़ का योगदान केंद्र सरकार की ओर से
कुल अनुमानित निवेश करीब ₹500 करोड़
यह परियोजना राज्य के सबसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर और फिल्म टूरिज्म प्रोजेक्ट्स में से एक मानी जा रही है।
🎬 फिल्म सिटी में क्या-क्या होगा खास?
चित्रोत्पला फिल्म सिटी में अत्याधुनिक सुविधाओं का विकास प्रस्तावित है, जिनमें शामिल हैं:
हाई-टेक फिल्म स्टूडियो और प्री-पोस्ट प्रोडक्शन यूनिट
स्थायी शूटिंग सेट (स्कूल, अस्पताल, जेल, पुलिस स्टेशन)
कृत्रिम नदी, पहाड़ और आउटडोर लोकेशन
कन्वेंशन सेंटर और जनजातीय सांस्कृतिक केंद्र
कलाकारों व तकनीकी स्टाफ के लिए आवास
रिसॉर्ट्स, फूड कोर्ट, तालाब और उद्यान
ई-बस सेवा और आधुनिक परिवहन सुविधा
🌿 क्यों खास है नवा रायपुर?
पर्यटन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, नवा रायपुर की हरियाली, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी इसे बॉलीवुड और अंतरराष्ट्रीय स्तर की शूटिंग के लिए आदर्श बनाती है। फिल्म सिटी के निर्माण से छत्तीसगढ़ी और हिंदी फिल्मों के लिए वन-स्टॉप शूटिंग डेस्टिनेशन उपलब्ध होगा, जिससे बाहरी राज्यों पर निर्भरता कम होगी।
इस परियोजना से स्थानीय युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण, रोजगार और अंतरराष्ट्रीय मंच मिलेगा, साथ ही छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक पहचान मिलने की उम्मीद है।
🚩 21 जनवरी को होगा भूमिपूजन
जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 21 जनवरी को इस परियोजना का भूमिपूजन करेंगे। इसके बाद निर्माण कार्य में तेजी आएगी। पर्यटन बोर्ड और निर्माण एजेंसी के बीच अनुबंध की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है।