विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित हुआ। यह आयोजन राजीव स्मृति वन रायपुर में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय शामिल हुए। साथ ही वन मंत्री श्री केदार कश्यप भी उपस्थित रहे। इसके अलावा तकनीकी सत्र में कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई। वहीं सर्प संरक्षण को भी प्रमुखता दी गई।
सर्प ज्ञान केंद्र की गतिविधियों की दी गई जानकारी
तकनीकी सत्र में आयुष्मान शर्मा ने प्रस्तुति दी। उन्होंने सर्प ज्ञान केंद्र के कार्यों को विस्तार से बताया। इसके अलावा सांपों और मानव जीवन के संबंधों पर चर्चा हुई। साथ ही संरक्षण प्रयासों की जानकारी भी साझा की गई। इसलिए उपस्थित लोगों ने अभियान की उपयोगिता को समझा।
पर्यावरण संरक्षण में अभियान की भूमिका
आयुष्मान शर्मा ने सकारात्मक परिणामों का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि जागरूकता लगातार बढ़ रही है। वहीं लोगों में सर्पों के प्रति भय कम हुआ है। इसके अलावा बचाव और संरक्षण दोनों कार्य मजबूत हुए हैं। नतीजतन पर्यावरण संतुलन को भी लाभ मिल रहा है।
आध्यात्मिक और धार्मिक पक्षों पर भी चर्चा
प्रस्तुति में सांपों की सांस्कृतिक भूमिका बताई गई। साथ ही धार्मिक मान्यताओं का भी उल्लेख हुआ। दरअसल भारतीय समाज में सर्पों का विशेष महत्व है। इसके बाद उनके गुणों और उपयोगिता पर चर्चा हुई। कुल मिलाकर विषय को व्यापक दृष्टिकोण से प्रस्तुत किया गया।
अभियान को शीघ्र पूर्ण करने पर जोर
आयुष्मान शर्मा ने अभियान की प्रगति बताई। उन्होंने कहा कि सर्प ज्ञान केंद्र अब पूर्णता की ओर बढ़ रहा है। वहीं वन बल प्रमुख अरुण कुमार पाण्डेय ने प्रयासों की सराहना की। इसके अलावा उन्होंने डॉ. अजय शर्मा के योगदान को रेखांकित किया। साथ ही अभियान को शीघ्र पूर्ण करने की बात कही।
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