खरीफ सीजन में किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराने प्रशासन लगातार सख्त कदम उठा रहा है, ताकि वितरण पारदर्शी हो सके।
इसी क्रम में पेंड्रा तहसील के आमाडांड और झाबर गांवों में बड़ी कार्रवाई की गई, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया।
प्रशासन ने छापेमारी कर 162 बोरी अवैध उर्वरक जब्त किए और दो गोदामों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।
कलेक्टर डॉ. लीना कमलेश मंडावी के निर्देश पर राजस्व और कृषि विभाग की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई अंजाम दी।
आमाडांड निवासी शेर बहादुर ठाकुर के घर और दुकान से 84 बोरी एनपीके व डीएपी खाद जब्त की गई।
वहीं, झाबर निवासी अभिषेक सोनी के गोदाम से 78 बोरी एनपीके व सुपर फास्फेट उर्वरक जब्त किए गए।
जांच में पाया गया कि दोनों स्थानों पर खाद का भंडारण बिना वैध अनुमति के किया गया था।
उल्लंघन को देखते हुए संबंधित गोदामों को सील कर वैधानिक कार्रवाई शुरू की गई है।
इस कार्रवाई में तहसीलदार पेंड्रा अविनाश कुजूर, उप संचालक कृषि सत्यजीत कंवर और उर्वरक निरीक्षक हेमंत कश्यप शामिल रहे।
प्रशासन की इस मुहिम का उद्देश्य किसानों को समय पर और उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराना है।
अधिकारियों ने साफ किया कि भविष्य में भी इस तरह की छापेमारी जारी रहेगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
प्रमुख बातें
- दो गांवों में छापेमारी कर 162 बोरी खाद जब्त
- उर्वरक बिना अनुमति के भंडारित
- गोदाम सील, वैधानिक कार्रवाई शुरू
- संयुक्त टीम में प्रशासन व कृषि विभाग शामिल