भारतीय ओलंपिक संघ ने आगामी एशियाई खेलों को लेकर बड़ा प्रस्ताव दिया है। एशियाड टीम में सात और एथलीटों को शामिल करने की सिफारिश की गई है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने पर भारतीय दल में एथलीटों की संख्या 79 हो जाएगी।
इस प्रस्ताव में 400 मीटर धावक किरन का नाम भी शामिल है। उनके अलावा कई अन्य एथलीटों को अलग-अलग स्पर्धाओं के लिए प्रस्तावित किया गया है। इससे भारतीय एथलेटिक्स दल को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।
सात नए एथलीटों के नाम प्रस्तावित
आईओए ने खेल मंत्रालय के सामने सात अतिरिक्त नाम भेजे हैं। इनमें 200 मीटर की हर्षिता भद्रा और हैमर थ्रोअर प्रवीण कुमार शामिल हैं।
गौतमी जयरामन को 800 मीटर के लिए प्रस्तावित किया गया है। वहीं, सिंधुश्री गणेश पोलवॉल्ट में चुनौती पेश करेंगी।
सान्या यादव डिस्कस थ्रो और आशा इलांगो ट्रिपल जंप में प्रस्तावित हैं। 400 मीटर धावक किरन भी इस सूची का हिस्सा हैं।
मंजूरी मिलने पर बढ़ेगी भारतीय दल की संख्या
सात नए खिलाड़ियों को मंजूरी मिलने के बाद एशियाड टीम में कुल 79 एथलीट हो जाएंगे। इससे भारतीय दल की स्पर्धात्मक क्षमता बढ़ सकती है।
इन खिलाड़ियों का चयन उनके हालिया प्रदर्शन और संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए किया गया है। अंतिम फैसला खेल मंत्रालय की मंजूरी के बाद होगा।आठ निजी कोचों को भेजने की मांग
आईओए ने सिर्फ खिलाड़ियों की संख्या बढ़ाने का प्रस्ताव नहीं दिया है। संगठन ने आठ निजी प्रशिक्षकों को भी दल के साथ भेजने की अनुमति मांगी है।
इनमें नीरज चोपड़ा के कोच जय चौधरी का नाम भी शामिल है। उनके अलावा कई अन्य भारतीय एथलीटों के निजी प्रशिक्षकों को भी प्रस्तावित सूची में जगह दी गई है।
किन प्रशिक्षकों के नाम प्रस्तावित हैं
प्रस्तावित प्रशिक्षकों में घनश्याम, भूपिंदर सिंह और मिलवर रसेल शामिल हैं। इनके अलावा एंजेल गार्सिया एस्तेबान और सर्गेई बिरान के नाम भी भेजे गए हैं।
शॉटपुट कोच संदीप सिंह सहित अन्य निजी प्रशिक्षकों को भी दल के साथ भेजने की अनुमति मांगी गई है। हालांकि, इनके लिए मान्यता कार्ड मिलना जरूरी होगा।
निजी प्रशिक्षकों को लेकर क्यों अहम है फैसला
- कई खिलाड़ी लंबे समय से निजी प्रशिक्षकों के साथ तैयारी कर रहे हैं।
- प्रतियोगिता के दौरान कोच की मौजूदगी प्रदर्शन में मददगार हो सकती है।
- सभी प्रस्तावित प्रशिक्षकों का नाम एएफआई की लंबी सूची में नहीं था।
- अंतिम अनुमति खेल मंत्रालय और संबंधित प्रक्रिया पर निर्भर करेगी।
नीरज चोपड़ा भी होंगे भारतीय दल की बड़ी उम्मीद
नीरज चोपड़ा भारतीय एथलेटिक्स के प्रमुख चेहरों में शामिल हैं। उन्होंने 2018 और 2023 एशियाई खेलों में पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता था।
2026 एशियाई खेलों के लिए भी उनकी भागीदारी की पुष्टि हो चुकी है। उनका लक्ष्य लगातार तीसरा एशियाई खेल खिताब हासिल करना होगा।
एथलेटिक्स दल को मिलेगी अतिरिक्त मजबूती
एशियाड टीम में नए खिलाड़ियों के जुड़ने से भारतीय एथलेटिक्स को अतिरिक्त विकल्प मिलेंगे। ट्रैक और फील्ड की कई स्पर्धाओं में युवा प्रतिभाओं को मौका मिलने की उम्मीद है।
पिछले एशियाई खेलों में भी भारतीय एथलेटिक्स ने शानदार प्रदर्शन किया था। नीरज चोपड़ा सहित भारतीय खिलाड़ियों ने कई पदक जीते थे।
अंतिम मंजूरी का इंतजार
आईओए की सिफारिश के बाद अब खेल मंत्रालय के फैसले पर नजर है। सात एथलीटों को मंजूरी मिलने से भारतीय दल का आकार बढ़ जाएगा।
वहीं, निजी प्रशिक्षकों को मान्यता मिलने पर खिलाड़ियों को प्रतियोगिता के दौरान अपनी तैयारी का परिचित सहयोग मिलेगा। ऐसे में एशियाड टीम को लेकर अंतिम सूची का इंतजार महत्वपूर्ण रहेगा।
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